August 13, 2022

नई लहर नया विश्वास, सम्पूर्ण जिम्मेदारी से परिवार विकास कार्यक्रम का शुभारम्भ

जिलाधिकारी डा. आशीष कुमार श्रीवास्तव ने नई लहर नया विश्वास, सम्पूर्ण जिम्मेदारी से परिवार विकास थीम के तहत 11 जुलाई से 24 जुलाई तक चलने वाले जनसंख्या स्थिरीकरण पखवाड़ा का जिला महिला चिकित्सालय में आयोजित कार्यक्रम का दीप प्रज्वलित कर शुभारम्भ किया। इस अवसर उन्होंने कहा कि जनसंख्या के मामले में हमारा देश विश्व का दूसरा बड़ा देश है। जनसंख्या किस तरह कम हो इस पर विचार करना होगा, ओर इसके लिए पुरूषों को आगे आना होगा। उन्होंने कहा कि बच्चों के जन्म में कम से कम तीन साल का अन्तराल होना चाहिए यह अन्तर महिलाओं के स्वास्थ्य के लिए भी बहुत जरूरी है। उन्होंने कहा कि दूसरे-तीसरे बच्चे के बाद पैदा बच्चा कुपोषण का शिकार हो जाता है, उन्होंने कहा कि इसके लिए हर व्यक्ति को जागरूक होना पड़ेगा ताकि जनसंख्या में भी कमी आये ओर बच्चा कुपोषण का शिकार भी न हो। जिलाधिकारी ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को निर्देश दिये कि एक स्थाई डिस्पले बोर्ड बनाये जिस पर परिवार नियोजन के उपयो की जानकारी हिन्दी तथा गढ़वाली भाषा में हो,  जिससे अस्पताल में आने वालो लोगों को इसका लाभ मिल सके।
कार्यक्रम के दौरान जिलाधिकारी डा. आशीष कुमार श्रीवास्तव ने उनके द्वारा पूर्व में निर्देशित कार्यक्रम के अनुसार बालिका के जन्म पर उत्सव मनाये जाने के तहत आज अस्पताल में रीना देवी पत्नी सुरेश कुमार ग्राम सरोट की बालिका का जन्मोत्सव मनाया। इस दौरान जिलाधिकारी ने बालिका को गोद में लेकर गिफ्ट भी दिया। जिलाधिकारी ने कहा कि प्रत्येक सप्ताह जिला स्तरीय अधिकारी अस्पताल में जन्मी बालिकाओं का जन्म दिवस उनके परिजनों के साथ मनाया जायेगा।
जिलाधिकारी ने उपस्थित लोगों से कहा कि हर व्यक्ति के दो ही बच्चे अच्छे होते हैं। कहा कि लड़का लड़की में भेदभाव न करें। उन्होंने कहा कि जनपद में लिंगअनुपात ठीक है लेकिन इसे ओर बेहतर करने की जरूरत है। कहा कि लिंगअनुपात को सुधारकर प्रति हजार पुरूषों पर हजार से अधिक महिला अनुपात करने का लक्ष्य बनाना होगा। कार्यक्रम को मुख्य विकास अधिकारी विनीत कुमार, बाल विकास अधिकार मौहित चैधरी, डा. एसडी सकलानी, डा. सुधा गुप्ता, डा.शिवा कुड़ियाल ने भी सम्बोधित किया। कार्यक्रम का संचालन मुख्य चिकित्सा अधिकारी मेजर बचन सिंह ने किया।